बिहार में एक ही दिन दो-दो मुखिया की हत्या से दहशत; विरोध में सड़क पर उतरे लोग, हंगामा

 बिहार में देर रात दो मुखिया की हत्‍या कर दी गई। भोजपुर जिले के गड़हनी थाना क्षेत्र अंतर्गत संहगी गांव में देर रात अपराधियों ने मुखिया मुखिया अरुण सिंह (48) की गोली मारकर हत्या कर दी।

वारदात को अंजाम देने के बाद वे आराम से फरार हो गए। इस बीच आक्रोशित ग्रामीण मंगलवार सुबह से सड़क जाम व हंगामा पर उतर आए हैं। उधर, बांका जिले के एक मुखिया का हत्‍या कर फेंका गया शव मिलने से भी सनसनी फैल गई है।

गोली मारकर फरार हो गए अपराधी, मौत

जानकारी के अनुसार मुखिया अरुण सिंह सोमवार की रात अपने गांव के ही अनिल सिंह के दरवाजे पर बैठे थे। इस दौरान ग्रामीण मौजूद थे। इसी बीच हथियारबंद अपराधी आ धमके तथा मुखिया को गोली मारकर फरार हो गए। गोली मुखिया की कनपटी में लगी। उन्‍हें सदर अस्पताल ले जाया जा रहा था कि रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया। हत्या को पूर्व से चली आ रही रंजिश से जोड़कर देखा जा रहा है। हत्या के बाद गांव में तनाव व्याप्त है।

अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी

पुलिस देर रात तक परिजनों से पूछताछ कर घटना के कारणों व हमलावरों के बारे में जानकारी ले रही थी। भोजपुर एसपी सुशील कुमार एवं सदर एसडीपीओ पंकज कुमार ने अस्पताल पहुंचकर घटना के बारे में जानकारी ली। एसपी के आदेश पर पुलिस टीम अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।

हत्याकांड के विरोध में हंगामर, सड़क जाम

इस बीच हत्‍याकांड के विरोध में जनाक्रोश उमड़ पड़ा है। मंगलवार की सुबह से लोग सड़कों पर उतर आए हैं। वे गड़हनी में आरा-सासाराम मुख्य पथ को जाम कर हंगामा कर रहे हैं। उन्‍हें भाकपा-माले का भी समर्थन प्राप्‍त है।

बांका के एक और मुखिया की भी हत्या

उधर, बांका जिले के अमरपुर, फतेहपुर गांव के मुखिया रविन्द्र दास की भी हत्‍या कर दी गई। उनका शव मंगलवार की सुबह भागलपुर के सबौर के सरधो में फेंका मिला है। सरधो गांव में मखिया की बेटी और बहन की ससुराल है। मखिया सोमवार को बेटी की ससुराल गए थे।