वायरल फीवर से बचने के लिए करे ये उपाय…..

वायरल फीवर होने पर छींकते समय अपने मुंह पर रुमाल जरूर रखें, नहीं तो आपके साथ-साथ घर के बाकी लोगों को भी वायरल इन्फेक्शन हो सकता है|

डेस्क- वायरल फीवर होने पर बॉडी में पानी की कमी होना खतरनाक हो सकता है| इसलिए वायरल फीवर होने पर दिन में कम से कम 8 से 10 गिलास पानी पीना चाहिए|

अक्सर मौसम में बदलाव आने के कारण लोगों को सर्दी जुखाम की प्रॉब्लम हो जाती है| बारिश के बाद एकदम से टेंपरेचर में बदलाव आने लगता है|जिससे वायरल फीवर और इन्फेक्शन फैलने का खतरा बढ़ जाता है|वैसे तो Viral Fever 1 हफ्ते में ठीक हो जाता है,पर कई बार गलतियों के कारण सर्दी जुखाम की प्रॉब्लम जल्दी ठीक नहीं होती है| सर्दी जुकाम होने पर कुछ बातों का ध्यान रखकर आप जल्दी ठीक हो सकते हैं|

 इन बातों का रखे खास ख्याल

जिससे सर्दी जुकाम होने की के चांसेस बढ़ जाते हैं|

  • वायरल फीवर होने पर छींकते समय अपने मुंह पर रुमाल जरूर रखें, नहीं तो आपके साथ-साथ घर के बाकी लोगों को भी वायरल इन्फेक्शन हो सकता है|
  • इस मौसम में हवा में मौजूद वायरस एक दूसरे की सांसों के द्वारा रेस्पिरेटरी इन्फेक्शन का कारण बन सकते हैं|

वायरल फीवर के लक्षण

  • वायरल होने से वाले बॉडी में कुछ इस तरह के लक्षण दिखते हैं जैसे, गले में दर्द, खांसी, सिर दर्द थकान, जोड़ों में दर्द के साथ ही उल्टी और दस्त होना, आंखों का लाल होना और माथे का बहुत तेज गर्म होना आदि|
  • बड़ों के साथ यह वायरल फीवर बच्चों में भी तेजी से फैलता है|

 हल्दी और सौंठ का पाउडर

  • अदरक में एंटी आक्सिडेंट गुण बुखार को ठीक करते हैं|
  • एक चम्मच काली मिर्च का चूर्ण, एक छोटी चम्मच हल्दी का चूर्ण और एक चम्मच सौंठ यानी अदरक के पाउडर को एक कप पानी और हल्की सी चीनी डालकर गर्म कर लें|
  • जब यह पानी उबलने के बाद आधा रह जाए तो इसे ठंडा करके पिएं|
  • इससे वायरल फीवर से आराम मिलता है|

तुलसी का इस्तेमाल

  • तुलसी में एंटीबायोटिक गुण होते हैं जिससे बॉडी के अंदर के वायरस खत्म होते हैं |
  • एक चम्मच लौंग के चूर्ण और दस से पंद्रह तुलसी के ताजे पत्तों को एक लीटर पानी में डालकर इतना उबालें जब तक यह सूखकर आधा न रह जाए|
  • इसके बाद इसे छानें और ठंडा करके हर एक घंटे में पिएं|
  • आपको वायरल से जल्द ही आराम मिलेगा|