बॉलीवुड कलाकारों को पॉलिटिक्स में आने से पहले ज़मीनी स्तर पर काम करना चाहिए …

अभिनेता सुधांशु पांडे Sudhanshu Pandey इन दिनों अपनी शॉर्ट फ़िल्म सीजंड विद लव Seasoned With Love के लिए चर्चा में हैं। इसके अलावा वो हाल ही में पुर्तगाल से एक साउथ इंडियन फ़िल्म के लिए दो दिनों की शूटिंग करके लौटे हैं। जिस फ़िल्म में नागार्जुन और रकुल प्रीत सिंह जैसे स्टार हैं।

 

 

बहरहाल, इन दिनों देश में लोकसभा चुनाव को लेकर काफी गहमा-गहमी है। हाल ही में मुंबई में हुए वोटिंग के दौरान तमाम बॉलीवुड स्टार्स ने भी मतदान में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया। लेकिन, इन सबके बीच अभिनेता सुधांशु पांडे को मलाल है कि वो इस बार मतदान नहीं कर सकें। सुधांशु बताते हैं कि- ‘आखिरी मौके पर उन्हें पता चला कि वोटिंग लिस्ट में उनका नाम है ही नहीं। मैंने हाल ही में अपना घर शिफ्ट किया है। ऐसे में पता ही नहीं चला कि ऐसा क्यों हुआ? जबकि मेरे पास अपना आधार कार्ड है। और जब आधार कार्ड है तो सरकार को यह देखना चाहिए कि हम जैसे लोग भी वोट कर सकें। इससे लोकतंत्र का भी नुक्सान है। मेरे जैसे कई और लोग भी हैं जो इस बार वोटिंग करना चाहते थे लेकिन, संयोगवश मतदाता सूची में नाम न होने की वजह से इस अधिकार से वंचित रह गए।’

हाल के दिनों में बॉलीवुड स्टार्स में राजनीतिक रुझान काफी देखने को मिला है? इस सवाल के जवाब में सुधांशु कहते हैं कि- ‘बॉलीवुड को शो बिजनेस भी कहा जाता है तो यह भी कहना सही होगा कि यहां इंडस्ट्री में शो बाज़ी भी खूब है। ऐसे में लोग किसी न किसी तरीके से खुद को लाइमलाईट में रखना चाहते हैं और आज के माहौल में राजनीति से दूर रहना आसान नहीं। आपको किसी न किसी के साथ खड़ा होना ही होगा। इसलिए भी स्टार्स में पॉलिटिक्स का क्रेज़ बढ़ा है। लेकिन, जो स्टार्स बिना किसी ग्राउंड वर्क के राजनीतिक पार्टियों में शामिल हो रहे हैं और टिकट लेकर चुनाव लड़ रहे हैं, ऐसे स्टार्स दरअसल दूसरे काबिल लोगों का हक़ मार रहे हैं। यह सही नहीं है। अगर वे राजनीति में आना ही चाहते हैं तो पहले उन्हें ज़मीनी स्तर पर काम करना चाहिए और जनता के बीच रहकर यह साबित करना चाहिए कि वो लोक सभा का टिकट डिज़र्व करते हैं।’

बहरहाल, इन राजनीतिक बातों के बीच सुधांशु यह कहना भी नहीं भूले कि उन्हें नरेंद्र मोदी सरकार का काम काज काफी पसंद है और उन्होंने दूसरी सरकारों का भी काम देखा हुआ है तो उन्हें मालूम है कि मोदी सरकार कैसे अलग है! बता दें कि हिंदी और साउथ इंडियन फ़िल्में मिलकर तीन दर्ज़न से ज्यादा फ़िल्में कर चुके सुधांशु पांडे अब फ़िल्म प्रोडक्शन में भी हाथ आजमाना चाहते हैं और अभिनय के अलावा इस क्षेत्र में भी कुछ अलग करने की मंशा रखते हैं।