
पंजाब की कैप्टन अमरिेंदर सिंह सरकार ने राज्य के गन्ना किसानों को बड़ा तोहफा दिया। सरकार ने किसानों को 25 रुपये प्रति क्विंटल सब्सिडी देने का फैसला किया है। इस वर्ष गन्ना का मूल्य 310 था। निजी चीनी मिलों को किसानों को 285 रुपये प्रति क्विंटल का भुगतान करना था और 25 रुपये पंजाब सरकार देगी।
अमरिंदर सरकार ने इस संबंध घोषणा तो कर दी गई थी लेकिन कैबिनेट ने इस पर अपनी मोहर नहीं लगाई थी। शनिवार को मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक इस पर मोहर लगा दी। कांग्रेस के विधायक राणा गुरजीत सिंह ने इस बारे में विधानसभा में भी यह मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा था कि सरकार द्वारा किसानों को 25 रुपये की सब्सिडी का भुगतान नहीं किए जाने से गन्ना किसानों का भरोसा सरकार से उठ रहा है।
उन्होंने कहा था कि इस बारे में जल्द फैसला नहीं किया गया और किसानों को समय पर यह राशि नहीं मिली तो वह गन्ने की खेती कम कर सकते हैं। इससे न सिर्फ फसली चक्र को तोड़ने के सरकार के प्रयास कमजोर होंगे बल्कि चीनी मिलों को भी नुकसान उठाना पड़ेगा।
कैबिनेट ने तय किया कि गन्ना किसानों को 25 रुपये प्रति क्विंटल की सब्सिडी खत्म हुए पिराई सीजन से ही लोगू होगा। अमरिंदर सरकार के इस फैसले से गन्ना किसानों को काफी राहत मिली है और उनकी पुरानी मांग पूरी हुई है।