भारतीय मूल की रीता बरनवाल को ऊर्जा मंत्रालय में डोनाल्ड ट्रम्प ने इस पद पर किया है नियुक्त…

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऊर्जा मंत्रालय के महत्वपूर्ण प्रशासनिक पद पर भारतीय मूल की अमेरिकी नागरिक न्यूक्लियर एक्सपर्ट रीता बरनवाल को नियुक्त करने का फैसला किया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने रीता बरनवाल को ऊर्जा मंत्रालय में सहायक ऊर्जा सचिव (परमाणु ऊर्जा) के तौर पर नामित करने की घोषणा की है। कुछ दिन पहले आधुनिक रिएक्टरों के विकास में तेजी लाने के लिए नए कानून पर हुए हस्ताक्षर के बाद उन्होंने यह फैसला लिया।

फिलहाल बरनवाल गेटवे फॉर एक्सीलरेटेड इनोवेशन इन न्यूक्लियर (जीएआईएन) पहल में निदेशक के के पद पर कार्यरत हैं। ट्रंप की इस घोषणा के बाद अगर सीनेट से उनके नाम की पुष्टि होती है, तो सहायक ऊर्जा सचिव के तौर पर बरनवाल महत्वपूर्ण परमाणु ऊर्जा विभाग का नेतृत्व करेंगी। वे इस विभाग के परमाणु प्रौद्योगिकी अनुसंधान और विभाग के परमाणु प्रौद्योगिकी बुनियादी ढांचे के विकास और प्रबंधन के लिए जिम्मेदार होंगी।

इससे पहले रीता बरनवाल वेस्टिंगहाउस में प्रौद्योगिकी विकास और अनुप्रयोग की निदेशक के तौर पर काम कर चुकी हैं। उन्होंने बेशटेल बेटीस में पदार्थ प्रौद्योगिकी में प्रबंधक के तौर पर भी काम किया है। वहां उन्होंने अमेरिकी नौसैनिक रिएक्टरों के लिए परमाणु ऊर्जा में शोध और विकास की अगुवाई की। बरनवाल ने एमआइटी से मैटेरियल्स साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीए किया है और मिशिगन विश्वविद्यालय से पीएचडी की डिग्री हासिल की है। वह एमआईटी के पदार्थ अनुसंधान प्रयोगशाला और यूसी बर्कले के परमाणु अभियांत्रिकी विभाग के सलाहकार बोर्ड में भी हैं।

पिछले हफ्ते, ट्रंप ने परमाणु ऊर्जा नवोन्मेष क्षमता अधिनियम में कानून पर हस्ताक्षर किया था, जो अमेरिका में उन्नत रिएक्टरों के विकास को तेज करे गा। यह कानून परमाणु नवोन्मेष के रास्ते में खड़े कुछ वित्तीय और तकनीकी बाधाओं को समाप्त करता है।