
मौसम विभाग ने दो दिनों में भारी बारिश की चेतावनी दी है, जिसमें शहर समेत संभाग के क्षेत्र भी शामिल हैं। इसमें कहा गया है कि कम दबाव के कई क्षेत्र मिलकर चक्रवाती अवदाब के रूप में तब्दील हो गए हैं। यह पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्र से तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसी के चलते बुधवार की रात से लेकर गुरुवार की शाम तक 27.6 मिलीमीटर बारिश हुई। रात में भी यह सिलसिला जारी रहा। शहर में स्र्क-स्र्ककर बारिश का सिलसिला जारी है।
इसके पीछे कारण अब तक पश्चिम बंगाल समेत आसपास के क्षेत्र में ऊपरी वायु में बने चक्रवाती घेरा था। अब पश्चिम बंगाल और ओडिशा के तटीय क्षेत्र और समीपवर्ती क्षेत्र में एक गहन अवदाब बन गया है, जिसका केंद्र दीघा से 25 किलोमीटर दक्षिण पश्चिम में स्थित है। इसे तेज बारिश के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है।
इसी के चलते मौसम विज्ञान केंद्र से अलर्ट जारी किया गया है। बुधवार की रात इसके असर से अच्छी बारिश हुई थी और इसे 4.8 मिलीमीटर दर्ज किया गया था। वहीं गुस्र्वार को सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए हुए थे।
हल्की धूप भी निकली। फिर दोपहर में मौसम में बदलाव आया और आसमान घने बादलों से घिर गया। दोपहर एक बजे झमाझम बारिश शुरू हो गई। कुछ देर के बाद तो थम गई, लेकिन दोपहर तीन बजे बारिश का दूसरा दौर शुरू हो गया। करीब एक घंटे तक अच्छी बारिश हुई। शाम 5.30 बजे तक की स्थिति में 22.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी थी। इसके बाद भी स्र्क-स्र्ककर बारिश होती रही। ऐसे में शुक्रवार को भी तेज बारिश की संभावना बनी रहने की बात मौसम वैज्ञानिकों ने कही है।
21 मिलीमीटर ज्यादा औसत बारिश
शहर के साथ ही जिलेभर में इस साल की स्थिति काफी बेहतर है। वर्ष 2017 में 15 जून से अब तक 639 मिलीमीटर औसत बारिश ही दर्ज की गई थी। इससे कई तहसीलों में सूखे के हालात थे। इस बार यह आंकड़ा 660 मिलीमीटर तक पहुंच गया है, जो सुबह 8.30 बजे तक की स्थिति में है।