राजभवन में पुस्तक ‘द रियल मोदी’ का विमोचन

उत्तर प्रदेश के राज्यपाल ने आज राजभवन में वरिष्ठ पत्रकार श्री अरविन्द चतुर्वेदी द्वारा हिन्दी में लिखित पुस्तक ‘द रियल मोदी’ का विमोचन किया। समारोह में उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य, मंत्री श्री रमापति शास्त्री, मंत्री श्री एस0पी0 सिंह बघेल, भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश संगठन महामंत्री श्री सुनील बंसल, सांसद श्री जगदम्बिका पाल व अन्य विशिष्ट जन उपस्थित थे। कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि इस पुस्तक के क्रय राशि का कुछ अंश पत्थर तोड़ने वाले मजदूरों के बच्चों के लालन-पालन एवं शिक्षा के लिए दिया जायेगा।

राज्यपाल ने पुस्तक का विमोचन राजभवन में होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह एक विशेष पुस्तक है, जो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जीवन, कार्य एवं नेतृत्व का विशलेषण करती है। किसी को लग सकता है कि यह पुस्तक राजनैतिक है पर मैं समझता हूं कि यह देश के प्रधानमंत्री के बारे में है। समाज उनके व्यक्तित्व और कृतित्व जानना चाहता है। पुुस्तक के माध्यम से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का परिचय सामने आता है, जिसमें श्री नरेन्द्र मोदी के अभाव भरा बचपन से लेकर विभिन्न भूमिकाओं में किये गये कार्य का रोचक वर्णन है, उनका जीवन प्रकाश पुँज है, जिससे अन्य लोगों को प्रेरणा मिलेगी। राज्यपाल ने अपने अनुभव बताते हुए कहा कि जब यह पुस्तक पढ़नी शुरू की तो पता नहीं चला कि रात कब बीत गई।

श्री नाईक ने लेखक श्री अरविन्द चतुर्वेदी द्वारा कहे गये वाक्य कि ‘मोदी जी के परिजनों एवं जानने वालों से व्यक्तिगत रूप से मिलकर जानकारी ली गई’ पर कहा कि ‘मोदी जी को पिछले 55 वर्ष से जानता हूं। लेखक ने मुझसे मेरा अनुभव नहीं जाना जबकि राजभवन के दरवाजे सबके लिए खुले हैं। चलिए कोई बात नहीं विमोचन का स्थान राजभवन चुना है इसलिए थोड़ा मेरा नाम भी आ जायेगा।’ राज्यपाल ने कहा कि नरेन्द्र मोदी जी का जीवन अलौकिक है उनके जीवन की कहानी पुस्तक के माध्यम से लोगों तक पहुंचेगी। उन्होंने अपनी पुस्तक ‘चरैवेति!चरैवेति!!’ के बारे में बताते हुए कहा कि मराठी भाषा में लिखी गई पुस्तक अब तक हिन्दी, अंग्रेजी, गुजराती, उर्दू, संस्कृत में अनुवादित हो चुकी है तथा सिन्धी, अरबी, फारसी और जर्मन भाषा में भी शीर्घ आ रही है। उन्होंने कहा कि ‘द रियल मोदी’ पुस्तक का अन्य भारतीय भाषाओं में भी अनुवाद होना चाहिए।

उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के बारे में बोलना वास्तव में सूरज को दीपक दिखाने जैसा है, वे जो भी दायित्व स्वीकार करते हैं, उसको स्वर्णिम इतिहास बना देते हैं। प्रधानमंत्री ने स्वच्छ भारत और शौचालय निर्माण योजना को यर्थाथ का रूप दिया। उन्होंने कहा कि देश को श्री नरेन्द्र मोदी जैसा प्रधानमंत्री मिले तो भारत को विश्व का अव्वल देश बनने से कोई नहीं रोक सकता।

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश संगठन मंत्री श्री सुनील बंसल ने कहा कि अब तक प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी पर कुछ ही वर्षो में साढ़े तीन सौ से ज्यादा पुस्तकें लिखी जा चुकी हैं। उन्होंने कहा कि श्री नरेन्द्र मोदी से बहुत कुछ सीखने को मिलता है।
पुस्तक के लेखक श्री अरविन्द चतुर्वेदी ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि पुस्तक को चार साल तक जिया है। श्री नरेन्द्र मोदी के घर जाकर उनको परिवार वालों से, दोस्तों और शिक्षकों से उनके बारे में जानकारी हासिल की। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का आम नागरिक से प्रधानमंत्री तक का सफर संघर्ष भरा जीवन है, जिसमें उन्हे कुछ नया करने की आदत है। उन्होंनेे कहा कि यही आदत उन्हें भीड़ में भी असाधारण बनाती है।