
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अयोध्या में मस्जिद निर्माण के लिए मिली पांच एकड़ जमीन पर बन रही मस्जिद के नाम का फैसला हो गया है। इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन ने बताया है कि इस मस्जिद का नाम अयोध्या मस्जिद होगा। इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन के सदस्य अरशद अफजाल के मुताबिक मस्जिद के नाम को लेकर कई सुझाव आए। पूरी संभावना है की अयोध्या में बनने वाली इस मस्जिद का नाम अयोध्या मस्जिद ही रखा जाएगा।

हालांकि उन्होंने कहा कि मस्जिद के नाम पर ट्रस्ट की आगामी बैठक में अंतिम निर्णय होगा। गौरतलब है कि इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन ही अयोध्या में बन रही मस्जिद का निर्माण कार्य कर रहा है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अयोध्या प्रशासन ने मस्जिद के लिए लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग से 250 मीटर दूर सोहावल तहसील के धन्नीपुर गांव में पांच एकड़ जमीन का आवंटित की है।
जानकारी के मुताबिक इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन ने अयोध्या विकास प्राधिकरण को मस्जिद का मैप स्वीकृति के लिए भेजा था। फाउंडेशन का कहना है कि लगभग 15 माह बाद भी अयोध्या विकास प्राधिकरण से स्वीकृति नहीं मिली है। जानकारी के मुताबिक जुलाई 2022 में फाउंडेशन के चेयरमैन जुफर फारूकी, सचिव अतहर हुसैन, स्थानीय ट्रस्टी अरशद अफजाल के साथ विकास लखनऊ विकास प्राधिकरण भी पहुंचे थे।
इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन के ट्रस्टी अरशद अफजाल खान के मुताबिक डेढ़ माह बीत गए लेकिन अभी तक न तो प्राधिकरण के किसी विभाग की ओर से एनओसी मिली है और न ही एनआोसी के बारे में किसी विभाग ने मस्जिद की जगह पर पहुंचकर निरीक्षण किया है।