
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के पूर्व उपाध्यक्ष नदीम अंसारी ने संघ प्रमुख मोहन भागवत को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि हाल के दिनों में देश के मुसलमानों को लेकर दिए गए आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के बयान स्वागत योग्य हैं। लिहाज़ा मुसलमानों की शिक्षा हेतु उनको आगे आना चाहिए और मदरसे व स्कूलों का निर्माण मुसलमानों की शिक्षा को बढ़ाने के लिए करना चाहिए।
वीओ –पूर्व छात्र संघ उपाध्यक्ष ने कहा की आर एस एस के द्वारा कुछ समय पहले एक बयान दिया गया था। हिंदू मुस्लिम एक हैं और इनका डीएनए एक है। उसी को लेकर आज पूरे देश में हिंदू मुस्लिम की राजनीति चल रही है। वहीं, आरएसएस को मुसलमानों का कट्टर दुश्मन माना जाता है। आरएसएस ने इस तरीके का बयान देकर एक हिंदू मुस्लिम एकता को बढ़ाने की बात कही थी। आर एस एस की कथनी और करनी में कितना फर्क है। अगर हिंदू मुस्लिम को एक मानती है तो उन्हें अपने द्वारा मदरसे खोल देने चाहिए। जिससे के हिंदू मुस्लिम एकता का एक संदेश जारी हो, जो उन्होंने कहा है, वह करते भी हैं? वरना हम मानेंगे 2022 का चुनाव आ रहा है उसको लेकर बयान बाजी कर रही है। अगर ऐसा नहीं है तो अपने संघ के हेड क्वार्टर नागपुर से एक मुस्लिम विंग जारी करनी चाहिए और आर एस एस के द्वारा मुस्लिम स्कूल और कॉलेज खोले जाएं। वरना हम समझेंगे यह 2022 के चुनाव को लेकर बयान बाजी है।