झारखंड में फिर तेजी से बढ़ रहे कोरोना केस, पूर्वी सिंहभूम में 24 दिन में 67 से बढ़कर 172 हो गए संक्रमित

याद कीजिए। जब हम वर्ष 2020 के अंतिम पड़ाव पर थे तो कह रहे थे कि साल 2021 अच्छा होगा। यानी कोरोना से मुक्ति मिलेगी। जनवरी-फरवरी माह में कोरोना मरीजों की संख्या घटी भी, जो शुभ संकेत दे रहा था। मार्च के पहले सप्ताह तक स्थित लगभग नियंत्रण में आ गई थी लेकिन हालात अचानक बिगडने लगे हैं।

आठ मार्च के बाद फिर से एक बार मरीजों की संख्या तेज गति से बढ़ने लगी है, जो चिंता का विषय है। मार्च माह में अभी तक लगभग ढ़ाई गुना मरीजों की संख्या बढ़ गई है। एक मार्च को सिर्फ दो नए मरीज और एक्टिव मरीजों की संख्या घटकर 67 पहुंच गई थी लेकिन 24 मार्च को 34 नए मरीज मिले और एक्टिव केस की संख्या बढ़कर 172 पहुंच गई है।

मार्च माह में 47 हजार से अधिक लोगों की हुई जांच

तिथि – जांच

1 मार्च – 1142

2 मार्च – 1529

3 मार्च – 1451

4 मार्च – 1351

5 मार्च – 964

6 मार्च – 1779

7 मार्च – 1388

8 मार्च – 1428

9 मार्च – 1879

10 मार्च – 1860

11 मार्च – 1432

12 मार्च – 4635

13 मार्च – 5969

14 मार्च – 1430

15 मार्च – 1338

16 मार्च – 1562

17 मार्च – 2336

18 मार्च – 2489

19 मार्च – 2417

20 मार्च – 1853

21 मार्च – 1771

22 मार्च – 2336

23 मार्च – 1821

24 मार्च – 939

——————————

कुल – 47,099

——————————

इस तरह बढ़ते जा रहे मरीज

तिथि – मिले मरीज – एक्टिव केस

1 मार्च – 02 – 67

2 मार्च – 07 – 61

3 मार्च – 05 – 62

4 मार्च – 16 – 59

5 मार्च – 04 – 66

6 मार्च – 02 – 63

7 मार्च – 07 – 57

8 मार्च – 16 – 58

9 मार्च – 12 – 65

10 मार्च – 15 – 69

11 मार्च – 12 – 76

12 मार्च – 06 – 79

13 मार्च – 09 – 77

14 मार्च – 11 – 78

15 मार्च – 11 – 81

16 मार्च – 18 – 82

17 मार्च – 17 – 89

18 मार्च – 24 – 94

19 मार्च – 24 – 105

20 मार्च – 27 – 119

21 मार्च – 14 – 134

22 मार्च – 28 – 138

23 मार्च – 27 – 156

24 मार्च – 34 – 172

पिछली गलती को दोहरा रहे हैं हम

– देश में जब लॉकडाउन हुआ तो सभी अपने-अपने घर लौट आए। इस दौरान अधिकांश लोगों ने बिना जांच कराएं ही अपने-अपने घरों में घुस आएं, जिसके कारण कोरोना का संक्रमण तेजी से बढ़ा।

– अब फिर से वही गलती हम कर रहे हैं। होली में लाखों लोग अपने-अपने घर वापस आएंगे। इन सभी के लिए कोरोना जांच अनिवार्य किया गया है। अगर जांच नहीं कराएंगे तो खुद के साथ-साथ घर, परिवार व समाज के अन्य लोग उनसे संक्रमित होंगे और मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ेगी।

– अभी टाटा नगर स्टेशन पर शिविर लगाकर यात्रियों से की जांच की जा रही है लेकिन इसमें से अधिकांश जांच नहीं कराना चाहते और वे चोरी-छुपके भाग जाते।

– बाजारों में खूब भीड़ उमड़ रही है। न तो शारीरिक दूरी का ख्याल रखा जा रहा है और न ही मास्क व सैनिटाइजर का उपयोग किया जा रहा है।

ये कहते अधिकारी

होली में बाहर से आने वाले लोगों की जांच अनिवार्य की गई है। ताकि संक्रमण का फैलाव कम से कम हो। वहीं, होली रंगों का त्योहार है। लोग रंग-अबीर खेले लेकिन सावधानी भी जरूरी है। शारीरिक दूरी व मास्क का उपयोग अवश्य रूप से करें। मरीजों की बढ़ती संख्या चिंता का विषय है। सभी को जागरू होने की जरूरत है।