गणतंत्र दिवस पर 49 शासकीय और नौ निजी अस्पतालों को आयुष्मान भारत योजना का सर्टिफिकेट की जाएगा प्रदान

जरूरतमंद लोगों को अस्पतालों में कैशलेस स्वास्थ्य सुविधाएं देने में बेहतर प्रदर्शन करने पर गणतंत्र दिवस समारोह में प्रदेश के 49 शासकीय और नौ निजी अस्पतालों को आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (एबीपीएमजेएवाई) सर्टिफिकेट प्रदान की जाएगी। यह प्रशस्ति पत्र जिलों में आयोजित होने वाले गणतंत्र दिवस समारोह पर दिए जाएंगे। राजनांदगांव के ऐसे तीन अस्पतालों को गणतंत्र दिवस समारोह में प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। इनमें सीएचसी डोंगरगढ व डोंगरगांव तथा पीएचसी साल्हेवारा को शामिल है।

शासकीय व निजी अस्पतालों में डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना-आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में शीर्ष प्रदर्शन करने वाले अस्पतालों को सम्मानित किया जाएगा। प्रदेश के 49 शासकीय अस्पतालों में सुपर स्पेशलिस्ट अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, सिविल अस्पताल, सीएचसी, पीएचसी व नौ निजी नर्सिंग होम व अस्पतालों सहित 58 अस्पतालों को योजना के बेहतर क्रियान्वयन के तहत चयनित किया गया है।

सूची में इन अस्पतालों के नाम

राजधानी में एम्स रायपुर, डीकेएस पीजीआई, पीएचसी खोरपा व बाल्को मेडिकल सेंटर को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा। इसी तरह राजनांदगांव जिले में सीएचसी डोंगरगढ व डोंगरगांव तथा पीएचसी साल्हेवारा को शामिल किया गया है। कबीरधाम में सीएचसी पिपरिया, बालोद जिले में सीएचसी डौंडी, बेमेतरा में पीएचसी खेंडसरा, दुर्ग में सीएचसी उतई तथा निजी अस्पतालों में बलोद के शहीद अस्पताल व दुर्ग के श्री शंकराचार्य इंस्टटयूट ऑफ मेडिकल कालेज को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा।

डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना-आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अतिरिक्त सीईओ डॉ. श्रीकांत राजीमवाले ने बताया, राज्य नोडल एजेंसी द्वारा संचालित योजनाओं के माध्यम से अब तक कुल 10,01,390 हितग्राहियों को विभिन्न अस्पतलों में स्वास्थ्य लाभ कैशलेस दिया गया है। डॉ. राजीमवाले ने कहा कि योजना के तहत हर व्यक्ति को कैशलेस इलाज की सुविधाएं प्रदान करने में अच्छी सफलता मिल रही है। योजना के संचालन में अस्पतालों को प्रोत्साहित करने प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जा रहा है।

पांच लाख तक का इलाज

डॉ. राजीमवाले ने बताया कि डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना-आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत पांच लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधाएं अस्पतालों में प्रदान की जा रही है। मरीजों को केवल अपना राशनकार्ड और आधार कार्ड अथवा ऐसा ही कोई शासकीय पहचान पत्र अस्पताल में इलाज की सुविधाएं मिल रही हैं।

मुख्यमंत्री विशेष सहायता योजना में 50 हजार तक मुफ्त इलाज की सुविधा पाने केवल राशनकार्ड और कोई एक पहचान पत्र दिखने से इलाज मिल रहा है। प्रदेश में पांच लाख तक मुफ्त इलाज की पात्रता रखने वाले हितग्राहियों की संख्या 56 लाख है और 50,000 रुपए तक मुफ्त इलाज के हितग्राही 16 लाख हैं। योजना के तहत हितग्राहियों को परेशानी न हो इसके लिए ई-कार्ड (आयुष्मान कार्ड) बनवाने के लिए प्रदेश के 59 शासकीय एवं 19 निजी अस्पतालों में ई-कार्ड निश्शुल्क बनाकर प्रदान किया जा रहा है।