शादियों के सीजन के बावजूद सोने की कीमतों में दर्ज हुई गिरावट, चांदी की चमक पड़ी फीकी

शादियों के सीजन के बावजूद दिसंबर के दूसरे हफ्ते में सोने की चमक फीकी रही, वहीं चांदी भी कमजोर दिखी। सर्राफा बाजारों में सात से 11 दिसंबर के बीच सोने के हाजिर भाव में 270 रुपये प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई। इस दौरान चांदी के भाव 832 रुपये प्रति किलो नरम रहे। अगर सोने के उच्चतम भाव से तुलना करें तो सोना अब तक 7208 रुपये प्रति 10 ग्राम तक सस्ता हो चुका है और चांदी 13776 रुपये किलो सस्ती है।

बता दें सात अगस्त की सुबह सोना 56254 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया था। यह ऑल टाइम हाई रेट है। वहीं चांदी की बात करें तो इस दिन यह 76008 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गई थी। विशेषज्ञों का कहना है कि कहना है कि लंबी अवधि में सोने में निवेश फायदे का सौदा है। हालांकि, उनका यह भी कहना है कि निवेश के पहले पूरी पड़ताल जरूर करें। 

दिसंबर के दूसरे हफ्ते में ऐसी रही सोने-चांदी की चाल

तारीख और दिनसोने का शाम का रेट (रुपये/10 ग्राम)चांदी का शाम का रेट (रुपये/ किलो ग्राम)
11 शुक्रवार4904662232
10 शुक्रवार4919162600
9 बुधवार4968963392
8 मंगलवार4978263839
7 सोमवार4919962148

दिसंबर के पहले हफ्ते में रही तेजी

सोना दिसंबर के पहले हफ्ते में वापस राह पर लौट आया। वहीं, चांदी ने भी अपनी खोई हुई रंगत वापस पा ली है। दिसंबर के पहले हफ्ते में सोने की कीमत में 487 रुपये प्रति 10 ग्राम बढ़ोतरी हुई तो जोरदार वापसी करती हुई चांदी 2995 रुपये चढ़ गई। हालांकि अभी भी सोना अपने सर्वोच्च शिखर से करीब 7000 रुपये सस्ता है। वहीं चांदी भी 12944 रुपये नरम है। 

लंबी अवधि में चमकेगा सोना

रायटर्स के मुताबिक डॉलर के कमजोर होने से कोविड-19 का टीका आने और इकोनॉमी में रिकवरी की आशा से इक्विटी की तरफ ध्यान जाने लगा। इससे सोने की कीमतों में और कमी आ सकती है। एंजेल ब्रोकिंग के डिप्टी वाइस प्रेसिडेंट (कमोडिटी एंव करेंसी) अनुज गुप्ता का कहना है कि कोरोना के टीके को लेकर आ रही सकारात्मक खबरों से सोने के भाव वैश्विक स्तर पर गिर रहे हैं। इसके बावजूद मौजूदा निचले स्तर को देखते हुए सोना अगले एक साल में 57000 से 60000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच सकता है। उनका कहना है कि लंबी अवधि में सोने में निवेश फायदे का सौदा है। हालांकि, उनका यह भी कहना है कि निवेश के पहले पूरी पड़ताल जरूर करें।