साइबर अपराध करते पुलिस ने एक दर्जन अपराधियों को किया गिरफ्तार….

 साइबर अपराध करते पुलिस ने एक दर्जन अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र कुमार झा ने साइबर क्राइम डीएसपी संदीप सुमन समदर्शी के नेतृत्व में एक टीम गठित की। जिसने छापेमारी कर सभी को नवादा पिंडरिया से साइबर अपराध करते दबोचा लिया। गिरफ्तार अपराधियों के पास से एक स्वीफ्ट डिजायर कार के अलावा मोबाइल, सिम, एटीएम कार्ड, पासबुक आदि बरामद हुए हैं। बरामद मोबाइल से करीब तीन करोड़ रुपये के ट्रांजेक्शन का खुलासा हुआ है।

शनिवार को डीएसपी समदर्शी ने पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता में अपराधियों की गिरफ्तारी से संबंधित जानकारी दी।

बताया कि टीम ने छापेमारी कर उक्त गांव से सभी 12 अपराधियों को साइबर क्राइम करते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। सभी के विरुद्ध साइबर थाना में मामला दर्ज किया गया है। गिरफ्तार आरोपितों में ताराटांड़ थाना अंतर्गत नवादा गांव के राजेश मंडल, संतोष मंडल, फुलचंद मंडल, तालेश्वर मंडल उर्फ गाेंदो, सुरेश प्रसाद वर्मा, सुधीर प्रसाद वर्मा मोहलीडीह के बहादुर मंडल व दशरथ मंडल, कोरबंधा के बबलू कुमार मंडल, झितरी के रूपेश कुमार मंडल, अहिल्यापुर थाना क्षेत्र के पवन यादव और चिकसोरिया गांव के राजेश मंडल शामिल हैं। इन आरोपितों में राजेश, संतोष और फूलचंद सगे भाई हैं। इन आरपितों के मोबाइल खंगालने पर तीन साल के अंदर तीन करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन करने की जानकारी मिली है। राजेश एवं उसके भाइयों ने ही डेढ़ करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन किया है।

महानगरों में चलाते थे कैब : साइबर डीएसपी ने बताया कि उक्त सभी आरोपित कोलकाता, दिल्ली आदि महानगरों में रहकर ओला और उवर की कार चलाने का काम करते थे। इसके साथ-साथ साइबर अपराध के माध्यम से भी लोगों को चूना लगाते थे। इसके लिए वे साइबर अपराध के सभी हथकंडों को अपनाते थे। सभी संगठित तरीके से साइबर अपराध को अंजाम देते थे।

कई एकाउंट हैं फ्रीज : बताया कि उक्त साइबर आरोपितों के दिल्ली, कोलकाता, मुम्बई आदि जगहों में कई बैक खातों को सील कर दिया गया है। उसमें भी करोड़ों रुपये का ट्रांजेक्श्न हो सकता है। पुलिस इसकी तहकीकात कर रही है।

फोन पर किसी को न दें वित्तीय जानकारी : साइबर डीएसपी ने लोगों से फोन पर किसी को भी वित्तीय जानकारी नहीं देने की अपील की है। कहा कि बैंक पासबुक, आधार कार्ड, पैन कार्ड आदि के बारे में किसी को न बताएं। साइबर अपराधी नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। इससे बचने के लिए जरूरी है कि किसी को भी फोन पर ऐसी जानकारी न दें।

बरामद हुए ये सामान : गिरफ्तार आरोपितों के पास से 22 मोबाइल, 37 सिम, 16 एटीएम कार्ड, 7 पासबुक, 5 आधार कार्ड, 4 पेन कार्ड, 3 डीएल, 4 वोटर आइडी कार्ड, 1 लैपटॉप और एक स्वीफ्ट डिजायर कार बरामद हुए हैं।