
अयोध्या में विवादित ढांचा विध्वंस मामले में अपना बयान दर्ज कराने बुधवार को आरोपित बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह सीबीआइ कोर्ट पहुंचे हैं। बता दें, बीते मंगलवार को सुनवाई के पांचवे दिन मामले में आरोपित एवं पूर्व सांसद राम विलास वेदांती ने अपना बयान दर्ज कराया था। इस दौरान उन्होंने कहा था कि राम जन्म भूमि का वह भव्य मंदिर था जिसको राजा विक्रमादित्य ने 84 कसौटी के खंभे पर बनवाया था। उस मंदिर पर रामलला विराजमान थे। इसलिए हमने खंडहर को तोड़वाकर नया मंदिर बनवाने का संकल्प लिया था। 
गौरतलब है कि वहीं, सोमवार को अदालत में रामजी गुप्ता के अतिरिक्त प्रकाश शर्मा भी उपस्थित हुए थे। सुनवाई के समय सीबीआइ की ओर से विशेष लोक अभियोजक ललित कुमार सिंह, पूर्णेंदु चक्रवर्ती और आरके यादव उपस्थित थे। अदालत ने पवन पांडेय, बृजभूषण शरण सिंह, विनय कटियार, साध्वी ऋतंभरा, कल्याण सिंह, रामविलास वेदांती और साक्षी महाराज समेत 27 लोगों की हाजिरी माफी प्रार्थना पत्र स्वीकार करते हुए कहा है कि जिनके बयान होना शेष है, बुलाए जाने पर बयान दर्ज कराने के लिए न्यायालय के समक्ष उपस्थित हों। आरोपित लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और उमा भारती के संबंध में अदालत ने कहा है कि इन सभी लोगों की हाजिरी अधिवक्ता के माध्यम से अग्रिम आदेश तक माफ है। लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और उमा भारती को निर्देशित किया जाता है कि वह लोग निर्देशित होने पर उपस्थिति सुनिश्चित कराएंगे।