खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने मिलावट के प्रति जागरूक करने के लिए जारी की एडवाइजरी

होली का त्योहार आते ही मिलावट करने वाले सक्रिय हो जाते हैं, दूध, खोवा और पनीर की मांग पर बढऩे पर सिंथेटिक और मिलावटी सामान की बिक्री जोर पकड़ लेती है। उपभोक्ताओं को मिलावट के प्रति जागरूक करने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने एडवाइजरी जारी की है और कुछ खाद्य वस्तुओं की जांच के आसान नुस्खे भी बताए हैं।

खरीदने से पहले जांच एक्सपायरी डेट

अभिहीत अधिकारी ओपी सिंह के मुताबिक उपभोक्ता किसी भी सामान की खरीद से पहले निर्माण तिथि, बेस्ट बिफोर या यूज बाई डेट, बैच संख्या, निर्माता का पता, एफएसएसएआइ का लोगो व रजिस्ट्रेशन अथवा लाइसेंस नंबर अंकित है या नहीं की जांच अवश्य करें। खुले खाद्य पदार्थों को सूंघकर अथवा चखकर जरूर देखें।

इस तरह जांचें खाद्य पदार्थ

  • शुद्ध दूध की बूंद ढलान वाली चिकनी फर्श पर डालने से वह अपने पीछे एक रेखा छोड़ती है और बूंद बहुत धीरे-धीरे आगे बढ़ती है। डिटरजेंट युक्त दूध में बराबर मात्रा में पानी मिलाने से अधिक झाग निकलता है।
  • दूध, खोवा और पनीर में स्टार्च का परीक्षण करने के लिए दो तीन एमएल खाद्य नमूने को पांच एमएल पानी के साथ उबालें और ठंडा होने पर दो तीन बूंद टिंचर आयोडीन मिलाएं। नीला रंग आने पर स्टार्च की मिलावट हो सकती है।
  • घी और मक्खन में आलू, शकरकंद या अन्य स्टार्च की मिलावट जांचने के लिए आधा चम्मच घी या मक्खन एक पारदर्शी कांच के बाउल में ही दो तीन ड्राप टिंचर आयोडीन मिलाएं। नीला रंग आने पर मिलावट हो सकती है।
  • चांदी वर्क में एल्युमिनियम व गिलट की मिलावट जांचने के लिए चांदी वर्क को हल्की गीली अंगुली से मिठाई पर रगडऩे से वह मिट जाता है। साथ ही अंगुली या मिठाई पर कालिख भी नहीं छूटती।
  • -चाय व कॉफी में आयरन डस्ट की मिलावट जांचने के लिए एक पेपर पर चाय की पत्ती रखकर उसके पास मैगनेट लाने पर यदि उसमें चाय चिपकती है तो आयरन डस्ट की मिलावट है।