पिछले छह माह में 30 फीसद तक घट गई सोने की बिक्री, ये हैं मुख्य वजहें

आप इस बात से अवगत होंगे कि पिछले कुछ महीनों में सोने की कीमतों में भारी उछाल दर्ज गया है। लेकिन आपको यह मालूम है कि पिछले छह माह में सोने की डिमांड में 30 परसेंट की गिरावट दर्ज की गई है। न्यूज एजेंसी पीटीआइ की एक रिपोर्ट के मुताबिक ऑल इंडिया जेम्स एंड ज्वैलरी डोमेस्टिक काउंसिल के चेयरमैन अनंत पद्मनाभन ने सोने की बिक्री में गिरावट से जुड़ी यह जानकारी दी। बकौल पद्मनाभन इस अवधि में कुछ सर्राफा कारोबारियों ने कामकाज बंद करने का भी फैसला किया।

आयात शुल्क बढ़ने और अधिक GST से घटी बिक्री

पद्मनाभन का दावा है सोने पर आयात शुल्क बढ़ने और अधिक जीएसटी होने के चलते सोने की तस्करी बढ़ी है। उन्होंने कहा कि ग्राहक दुबई, नेपाल, श्रीलंका और सिंगापुर जैसे देशों का रुख कर रहे हैं।

Import Fees में कमी की मांग

पद्मनाभन ने सेक्टर के Budget Expectations को लेकर कहा कि Budget 2020 में सोने पर लगने वाले आयात शुल्क में कमी होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सेक्टर में आयात शुल्क और जीएसटी कम करने की मांग प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और वित्त मंत्री के समक्ष पहले ही उठाई जा चुकी है। उल्लेखनीय है कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एक फरवरी को अपना दूसरा बजट पेश करेंगी। उम्मीद की जा रही इस बजट में देश में डिमांड को बूस्ट करने के लिए सरकार कई तरह के कदम उठा सकती है।

इस बीच, सर्राफा बाजारों में गिरावट का रुख बना हुआ है। शुक्रवार को दिल्ली के प्रमुख सर्राफा बाजारों में सोना 80 रुपये गिरकर 40,554 रुपये प्रति 10 ग्राम के भाव पर बिका। इसके अलावा चांदी के दाम में भी 200 रुपये की गिरावट दर्ज की गई। यह 47,695 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव पर बोली गई।

इससे पहले सोने के जानकारों ने दिसंबर में कहा था इस साल खरीफ सीजन में बारिश से फसलों को भारी नुकसान हुआ है। इससे ग्रामीण स्तर पर सोने की मांग में भारी कमी आई है। उनके मुताबिक लोग शादी-विवाह के लिए आवश्यक सोने की खरीदारी कर रहे हैं, इससे भी सोने की बिक्री में भारी कमी आई है।