हाई कोर्ट में इलाहाबाद का नाम बदले जाने के खिलाफ याचिका दाखिल

उत्तरप्रदेश सरकार ने कुछ दिनों पहले ही उत्तरप्रदेश के एक बड़े शहर इलाहाबाद का नाम बदलकर प्रयागराज कर दिया था. इसके बाद से इस मामले को लेकर समाज का एक वर्ग सरकार की तारीफे कर रहा है तो दूसरा बुराई. लेकिन अब इस मामले में अब सरकार के खिलाफ उत्तरप्रदेश के इलाहाबाद हाई कोर्ट में एक याचिका भी दाखिल कर दी गई है. 

दरअसल सरकार के फैसले के खिलाफ यह याचिका इलाहाबाद हाईकोर्ट में दाखिल की गई है. इस जनहित याचिका को अधिवक्ता सुनीता शर्मा ने दाखिल किया है. इस याचिका में यूपी के ही अर्द्धकुंभ को भी कुम्भ घोषित किये जाने के खिलाफ आपत्ति दर्ज कराइ गई है. याचिकाकर्ता सुनीता शर्मा ने कहा है कि सरकार ने इन जगहों के नाम बदलने से पहले न तो संतों से राय ली है और न ही आम जनता की मंशा समझने की कोशिश की है. इसके साथ ही उन्होंने अपनी याचिका में प्रयागराज का नाम बदल कर वापस से इलाहाबाद किये जाने की भी मांग की है.

उल्लेखनीय है कि बीते 18 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने एक अधिसूचना जारी करके यह घोषणा की थी कि अब से  इलाहाबाद को प्रयागराज के नाम से जाना जाएगा. इस नामकरण के पीछे सरकार का तर्क यह था कि इस  शहर को पहले प्रयाग के नाम से ही जाना जाता था लेकिन  मुगल शासक अकबर ने इसका नाम बदल कर इलाहाबाद कर दिया था.